सूरह 104 (कुल 114) · मक्की

सूरह अल-हुमज़ा (ऐब लगाने वाला)

سُورَةُ الهُمَزَةِ
9 आयतें

अर्थों का अनुवाद: Azizul Haq Al-Omari, QuranEnc.com, संस्करण 1.1.5। अनुवाद कुरआन के अर्थ बताता है। असल कुरआन अरबी पाठ है।

بِسْمِ ٱللَّهِ ٱلرَّحْمَٰنِ ٱلرَّحِيمِ
1
وَيْلٌۭ لِّكُلِّ هُمَزَةٍۢ لُّمَزَةٍ
विनाश है प्रत्येक बहुत ग़ीबत करने वाले और बहुत दोष लगाने वाले के लिए।
लिंक 104:1
2
ٱلَّذِى جَمَعَ مَالًۭا وَعَدَّدَهُۥ
जिसने धन एकत्र किया और उसे गिन-गिन कर रखा।
लिंक 104:2
3
يَحْسَبُ أَنَّ مَالَهُۥٓ أَخْلَدَهُۥ
वह समझता है कि उसके धन ने उसे हमेशा रहने वाला बना दिया?[1]
फ़ुटनोट[1] (1-3) इन आयतों में धन के पुजारियों के अपने धन के घमंड में दूसरों का अपमान करने और उनकी कृपणता (कंजूसी) का चित्रण किया गया है, उन्हें चेतावनी दी गई है कि यह आचरण विनाशकारी है, धन किसी को संसार में सदा जीवित नहीं रखेगा, एक समय आएगा कि उसे सब कुछ छोड़ कर ख़ाली हाथ जाना पड़ेगा।
लिंक 104:3
4
كَلَّا ۖ لَيُنۢبَذَنَّ فِى ٱلْحُطَمَةِ
कदापि नहीं, वह अवश्य 'ह़ुतमा' में फेंका जाएगा।
लिंक 104:4
5
وَمَآ أَدْرَىٰكَ مَا ٱلْحُطَمَةُ
और तुम क्या जानो कि वह 'हुतमा' क्या है?
लिंक 104:5
6
نَارُ ٱللَّهِ ٱلْمُوقَدَةُ
वह अल्लाह की भड़काई हुई आग है।
लिंक 104:6
7
ٱلَّتِى تَطَّلِعُ عَلَى ٱلْأَفْـِٔدَةِ
जो दिलों तक जा पहुँचेगी।
लिंक 104:7
8
إِنَّهَا عَلَيْهِم مُّؤْصَدَةٌۭ
निःसंदेह वह उनपर बंद कर दी जाएगी।
लिंक 104:8
9
فِى عَمَدٍۢ مُّمَدَّدَةٍۭ
लंबे-लंबे स्तंभों में।[2]
फ़ुटनोट[2] (4-9) इन आयतों के अंदर परलोक में धन के पुजारियों के दुष्परिणाम से अवगत कराया गया है कि उनको अपमान के साथ नरक में फेंक दिया जाएगा। जो उन्हें खण्ड कर देगी और दिलों तक जो कुविचारों का केंद्र हैं पहुँच जाएगी, और उसमें इन अपराधियों को फेंककर ऊपर से बंद कर दिया जाएगा।
लिंक 104:9

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